अखिल भारतीय ब्राह्मण समाज (रा०) की प्रबुद्ध जागरण यात्रा को लेकर आगरा में हुई भव्य बैठक

Spread the love

 

 

ब्राह्मण अपनी भागीदारी खुद तय करेगा, किसी मारीच की बातों में नहीं आएगा: राजेंद्र नाथ त्रिपाठी

 

– अखिल भारतीय ब्राह्मण समाज (रा०) की प्रबुद्ध जागरण यात्रा को लेकर आगरा में हुई भव्य बैठक

– राजनीतिक दलों पर जमकर बरसे राष्ट्रीय अध्यक्ष, कहा- बिना ब्राह्मणों के कोई नहीं बना सकता सरकार

आगरा। अखिल भारतीय ब्राह्मण समाज (रा०) की ओर से ‘प्रबुद्ध जागरण यात्रा’ के संबंध में विजयनगर कॉलोनी स्थित कलेवा रेस्टोरेंट में एक महत्वपूर्ण आम बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में अखिल भारतीय ब्राह्मण समाज (रा०) के राष्ट्रीय अध्यक्ष पंडित राजेंद्र नाथ त्रिपाठी ने शिरकत की। कार्यक्रम की अध्यक्षता गजेंद्र शर्मा और अनुज उपाध्याय ने संयुक्त रूप से की, जबकि संचालन डॉ. दिवाकर तिवारी ने किया।

बैठक को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष अनुज उपाध्याय ने कहा कि समाज के सभी ब्राह्मणों को एकजुट रहना चाहिए ताकि हर व्यक्ति को समाज की वास्तविक शक्ति का अहसास हो सके। उन्होंने कहा कि जब ब्राह्मण एक होगा, तब हमारे छोटे से छोटा और बड़े से बड़ा कार्य पूरी तत्परता के साथ संपन्न होंगे।

प्रदेश संरक्षक डॉ. दीपेश उपाध्याय ने कहा कि हमें समाज के बीच जाकर शिक्षा, स्वास्थ्य और संगठन को मजबूत करने की दिशा में काम करना होगा, तभी हम समाज की समस्याओं का स्थायी समाधान पा सकेंगे। उन्होंने वर्तमान परिस्थितियों का जिक्र करते हुए कहा कि आज ब्राह्मण समाज पर हर तरफ से अत्याचार हो रहा है, जिसका मुकाबला हमें डटकर करना होगा। इसके लिए अपनी शक्ति और संगठन को मजबूत करना ही एकमात्र विकल्प है।

मुख्य अतिथि के रूप में बोलते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष पंडित राजेंद्र नाथ त्रिपाठी ने वर्तमान उत्तर प्रदेश और केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा समय में ब्राह्मणों का अति शोषण और अत्याचार हो रहा है। सरकारों द्वारा कई ब्राह्मणों के एनकाउंटर किए जा चुके हैं और समाज आर्थिक रूप से भी पिछड़ता जा रहा है, लेकिन सरकारों का इस ओर कोई ध्यान नहीं है।

आगामी 2027 के विधानसभा चुनावों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि तमाम राजनीतिक दल ब्राह्मणों को लुभाने के लिए केवल लॉलीपॉप देने का प्रयास कर रहे हैं। आज ब्राह्मण 125 से अधिक सीटों पर चुनाव का रुख बदलने की ताकत रखता है, इसलिए सभी दल समझ चुके हैं कि बिना ब्राह्मणों के समर्थन के सरकार नहीं बन सकती। उन्होंने समाजवादी पार्टी और भारतीय जनता पार्टी समेत अन्य सभी राजनीतिक दलों को ‘मारीच’ की संज्ञा दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे ब्राह्मणों को पूरी तरह एकजुट करने में जुटे हैं और 136 संगठनों का नेतृत्व कर रहे हैं। समाज के संगठित होने के बाद ही सीटों की दावेदारी, सुरक्षा, संरक्षण और अधिकारों की बात सरकारों से की जाएगी।

बैठक के दौरान संजय शर्मा, डॉ. दिवाकर तिवारी, वीरेंद्र दुबे, महेश शर्मा, राजीव शर्मा, चंद्रप्रकाश शर्मा, श्रीकांत पाराशर, लोकेश शर्मा और महेंद्र कटारा, विनोद शर्मा, नवनीत दीक्षित, बांके लाल शर्मा सहित ब्राह्मण समाज के तमाम गणमान्य लोग उपस्थित रहे।